NIOS DELED 508 PART 2 IMPORTANT QUESTION ANSWER
508 के महत्वपूर्ण प्रश्न (part- 2)
2. भारतीय कठपुतली कला का वर्णन कीजिये।
3. प्रारंभिक शालाओं के स्तर पर श्रव्य कला रूपों के इन बिंदुओं पर संक्षिप्त टिप्पणी लिखिये-
(A) बालकों हेतु क्षेत्रीय कला रूपों की उपयोगिता
(B) मुख्य कला की योजना बनाना व तैयारी करना
(C) श्रव्य कला के प्रस्तुतीकरण में ध्यान रखने योग्य बातें
(D) छात्राेें के प्रायोगिक गतिविधियों का फोल्डर तैयार करना।
4. श्रव्य/प्रदर्शन कलाओं के प्रमुख तत्व कौन से है? वर्णन कीजिये।
5. कला अनुभव क्या है? प्रारंभिक कक्षाओं में कला अनुभवों की योजना कैसे बनाते है? विभिन्न कला रूपों की गतिविधियों के उदाहरण द्वारा समझाइये।
6. विद्यालय के समय विभाग चक्र में कला शिक्षा का क्या स्थान निर्धारित होना चाहिये? सीमित होने पर भी कक्षा शिक्षा को कैसे विस्तारित किया जा सकता है ?
7. अधिगतकर्ताओं में कला अनुभवों की जगह बनाने तथा कला सामग्रियों को संगठित करने हेतु क्या क्या प्रयास अपेक्षित है ? इस संबंध मेें कला शिक्षक को किन किन बातों पर ध्यान देना चाहिये ?
8. कला शिक्षा हेतु प्रारंभिक स्तर के बालकों के लिये कौन कौन सी सामग्रियों की आवश्यकता होगी ?
9. छात्र के कला अनुभवों का सरलीकरण का क्या अभिप्राय है ? कला शिक्षा में सरलीकरण कैसे संभव है ?
10. कला शिक्षा में मूल्यांकन की उपयोगिता बताइये। कलाओं का मूल्यांकन कैसे हो ?
11. कला के मूल्यांकन के विभिन्न उपकरण और तकनीकें कौन सी है ?
12. कला के मूल्यांकन के संकेतकों का क्या अर्थ है ? इनके क्या अर्थ है? कला विकास के प्रमुख संकेतक कौन से है ?
13. कला मूल्यांकन में पोर्टफोलियों का संधारण कैसे होता है ? इसका मूल्यांकन में कैसे उपयोग होता है ?
Click here For Part 1
इन सभी प्रश्नों के उत्तर पीडीएफ फाईल मे
CLICK HERE
0 Comments: